मुग़ल साम्राज्य के बारे में विशाल वर्णन

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मध्यकाल में किसी भी शासक के लिए भारतीय जैसे बड़े क्षेत्रो पर जहां लोगों एवं सांस्कृतिक में इतनी अधिक विविधताएँ हो,शासन कर पाना अत्यंत कठिन कार्य था, सोलहवीं सदी के उत्तराध से इन्होने  ने दिल्ली और आगरा से अपने राज्य का विस्तार शुरू किया और सत्रहवीं शताब्दी में लगभग सम्पूर्ण महाद्विप पर अधिकार प्राप्त कर लिया ,आज भारत के प्रधान मंत्री ,स्वतंत्रता दिवस पर मुग़ल शासको के निवासस्थान ,दिल्ली के लालकिले की प्राचीर से राष्ट्र को सम्बोधित  करते है ,





मुग़ल कौन थे ?





मुग़ल दो महान शासक वंशों के वंसज थे, माता की वे चीन और मध्य  एशिया के मंगोल शासक चंदेल खां के जिसकी मृत्यु 1227 में हुई उनका उत्तराधिकार थे, पिता की और से वे ईरान , इराक एवं वर्तमान शासक तैमूर के वंशज थे,जिसकी मृत्यु 1404 में हुआ ,





मुग़ल सैन्य अभियान 





प्रथम मुग़ल शासक बाबर ने जब 1494 में फर घाना राज्य का उत्तराधिकार प्राप्त किया ,तब उसका उम्र केवल 12 साल की थी  ,मंगोलो की दूसरी शाखा ,उज्बेगों के   आक्रमण के कारन उसको अपने पिता उमरशेख मिर्जा के सम्पन्ति छोरनि पड़ी ,कई वर्षो तक बझटकने के बाद 1504 में उसने काबुल पर कब्ज़ा किया फिर उसने 1526 में दिल्ली के सुल्तान इब्राहिम लोदी को पानीपत में हराया और दिल्ली और आगरा पर कब्ज़ा कर लिया ,बाबर ने ऐसा शासक हुआ जिसने पानीपत के लड़ाई में तोफ का प्रयोग किया जिससे लोदी के सेना देख कर भाग गई फिर भी लोदी ने लड़ता वीर गति को प्राप्त हुआ ,बाबर को ५ पुत्र हुआ जिसको बाबर ने अपनी राज्य को सभी भाइयो में बाटने का आदेश हुमायु को दिया ,बाबर के बाद मुग़ल के सत्ता पर हुमायु बैठा , उसके बाद बहुत सारा  आया 





मुग़ल सम्राट के प्रमुख अभियान और घटनाये  





बाबर -1526 -1530 





1526 में पानीपत के मैदान में इब्राहिम लोदी एवं उसके अफगान समर्थको को बाबर ने हराया 





1527  में खानवा में राणा सांगा ,राजपूत ,राजायो और उनके समर्थक को बाबर   ने हराया हराया  





1528 में चंदेरी मर राजपूतों को बाबर ने हराया ,बाबर अपनीं मृत्यु से  पहले दिल्ली और आगरा में मुग़ल नियंतरण स्थापित किया किया, 





हुमायुँ -1530 -1540 और 1555 -1556 





बाबर का 5 पुत्र में एक पुत्र हुमायु था ,हुमायूँ ने अपने पिता के वसीयत के अनुसार जायदाद का बँटवारा  अपने भाइयों में कर दिया ,प्रत्येक भाइ को एक एक प्रान्त मिला  , शेर खां ने हुमायु को दो बार हराया एक बार चौसा के युद्ध 1539 में दूसरा 154० कन्नौज में ,  पराजय के बाद उसे ईरान की और भागने के लिए बाध्य किया ,ईरान में हुमायूँ ने सफ़विद शाह से मदद मिली उसने 1555 में फिर से दिल्ली पर कब्ज़ा  किया परन्तु अगले दिन वर्ष इमारत गिरने से उसकी मृत्यु हो गई ,





अकबर -1556 -1605 





13 वर्ष की अल्पायु में अकबर सम्राट बना ,जो सबसे कम आयु में बैठने वाला पहले शासक हुए ,अकबर ने ही दिन ये इलाही धर्म की शुरुआत किया था ,अकबर की शादी जोद्धा एक राजपूत से  शादी किया गया ,





जहाँगीर -1605 -1627 





जहाँगीर अकबर का बेटा था ,जिसका बचपन का नाम सलीम था उसका पत्नी  नाम नूरजहां था,नूरजहाँ ने शाहजहाँ को हाशिये पर फेकने की कोशिश की लेकिन असफल रही ,





शाहजहाँ- 1627 -1658 





शाहजहाँ के बचपन का नाम ख़ुर्रम था, शाहजहां की पत्नी का नाम  मुमताज महल था ,जिसके याद में ताजमहल का निर्माण करवाया जो आगरा में स्थित है,





औरंगजेब -1558-1707





शाहजहां के पुत्रो में के बीच में उतराधिकार युद्ध शुरू हुआ जिसमे औरंग जेब ने अपने भाइयो को मौत के घाट उतार दिया ,और शाहजंहा को उसकी बांकी जिंदगी कैद कर दिया  , 


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